माँ बेहाल बेटी छिनाल compleet

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rajaarkey
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Re: माँ बेहाल बेटी छिनाल

Unread post by rajaarkey » 15 Dec 2014 04:56

माँ बेहाल बेटी छिनाल --2

गतान्क से आगे……………………….

यह सब सोचने के बाद भी वो राज को ज़रा भी नही रोक रही थी. शन्नो की कमर मे हाथ डालके उसकी गांद अपने लंड पे दबाते राज बोला, "आरे तुमको बता रहा हूँ कि डॉली को कैसे मसल रहे थे वो लड़के. ऐसा कुछ टाइम डॉली के कमसिन मम्मे मसल्ने के बाद डॉली के मम्मे मसल्ने वाला लड़का पीछे आया और डॉली को पीछे से पकड़के खुदका लंड डॉली की गांद पे मसल्ने लगा ऐसे जैसे अभी मैं मेरा लंड तेरी इस मस्त गोल टाइट गांद पे मसल रहा हूँ. ऐसे ही खूब मसल रहे थे तेरी बेटी को वो मदेर्चोद लंड. तेरी सेक्सी बेटी बेचारी उन जानवरो के बीच घबरा के खड़ी थी. मेने उसको बचाया नही तो तेरी बेटी को चोद डालते वो लड़के. " यह कहते राज अपना खड़ा गरम लंड शन्नो की गांद पे रगड़ते उसके मम्मे मसल्ने लगा. राज के अब डाइरेक्ट आक्षन से शन्नो खुश होती है. अपनी गांद पे राज का मोटा लंड जैसे ही उसे फील होता है वो बेकरार हो जाती है चुदाई के लिए. राज के लंड का साइज़ उसे अपनी पति के लंड से बड़ा फील होता है. राज के मूह से निकल रही गंदी गलियाँ और उसकी बेटी के बारे मे की गयी बाते उसे ज़रा भी खराब नही लग रही थी. उसके लिए डॉली अब उसकी बेटी नही बल्कि कोई अंजान लड़की थी जिसकी कहानी राज आक्षन के साथ उसे बता रहा था. आहे भरते वो भी राज से अपना जिस्म मसलवा के मज़े ले रही थी. फिर शन्नो ने सोचा कि अगर वो राज को तडपाएगी तो वो और ज़ोर्से उसे मसलके चोदेगा. अपने मम्मो पे घूम रहे राज के हाथ खुद अपने मम्मो पे ज़ोर्से दबाते शन्नो अब राज से बोली, "आह्ह्ह्ह, तो ऐसे हुआ यह सब? इतना मसला उन्होने मेरी बेटी को? तभी तो वो मुझे कुछ नही बताई. अब वो बेचारी कैसे बताती कि लड़को ने ट्रेन मे उसका नंगा जिस्म मसला? राज अब तुम पूरी बात जल्दी बताओ नही तो डॉली के पापा . जाएँगे. तेरी कहानी सुनके मुझे कपड़े भी पहनने हैं. डॉली के डॅडी आधे घंटे मे आनेवाले है. अब जल्दी बताओ सब बात. " पति के आने की बात सुनके राज ज़रा चमकता है. डॉली ने तो बताया था कि उसका बाप 4 दिन के बाद आनेवाला है. क्या डॉली ग़लत बोल रही थी या शन्नो झूट बोल रही थी. सच्चाई जानने के लिए राज ने अपना बदन शन्नो से अलग करते कहा, "ओह अच्छा तेरा पति आनेवाला है? फिर तो मुझे जाना ही चाहाए, चल मे चलता हू शन्नो, डॉली से फिर कभी मिलूँगा. " इतना कहते राज बेडरूम से निकल के जाने लगता है. राज की बात सुनके शन्नो की चूत मे और भी कुलबुली सुरू होती है. वो तो राज को तड़पाने चली थी लेकिन यहाँ तो राज ने ही बाज़ी पलट दी उसपे. शन्नो तो अब किसी भी हाल मे राज से चुद्ने का मन बनाई थी. असल मे उसका दिल करता था कि राज उसे जल्दी से नंगी करके खूब तड़पाके चोदे. उसके जाने लगने से शन्नो को लगता है जैसे उसने अपने पति के आने का झूट बोलके ग़लती की है. कही राज सच मे चला गया तो उसकी गर्म चूत का क्या होगा यह सोचके शन्नो झट से वैसे ही दौड़ के राज के सामने आके उसे रोकते बोलती है, "आरे तुम तो नाराज़ हो गये. मे तो मज़ाक कर रही थी. वैसे भी डॉली के पापा रात को 10 से पहले नही आते. वो डॉली आ सकती है और मुझे इस हालत मे देख कर क्या सोचेगी इस डर से मेने तुमसे झूट बोला राज. प्लीज़ बताओ आगे क्या हुआ? " अपनी चाल कमियाब होते देख राज शन्नो को घुमा कर फिर अपना लंड उसकी गांद पे रगड़ते आगे से नाइटी उठाके शन्नो की चूत चड्डी के उपर से सहलाने लगता है. उंगली से शन्नो की चूत रगड़ते राज बोला, "शन्नो मे जानता था कि तू झूठ बोल रही थी मुझे तड़पाने के लिए लेकिन मे वो मर्द नही जो औरत के सामने झूकू यह याद रख. वैसे डॉली की पूरी स्टोरी आक्षन के साथ बताने मे टाइम लगेगा. तू डॉली के आने की चिंता चूर और उसके साथ क्या हुआ और क्या हो सकता था यह सुन. " शन्नो खुश होती है कि राज ने उसे फिर बाँहो मे लिया. वो हाथ उठाके पीछे राज की गर्दन मे डालते और अपना सीना आगे निकालते बोली, "राज तुम मुझे डॉली की पूरी बात बताओ चाहे कितना भी टाइम लगे. मुझे सुनना और महसूस करना है कि मेरी बेटी के साथ क्या हुआ था. " इस बात से शन्नो ने राज को बताया कि वो अब उसे रोकने वाली नही थी. शन्नो यह जान गयी कि जितना टाइम राज कहानी सुनाने लगाएगा उतना टाइम राज शन्नो के उस तड़प्ते जिस्म को मसल्ते रहेगा जिससे जब राज उसे चोदने लगेगा तब वो और मस्ती से चुद्वाने का मज़ा ले सकती है. शन्नो की चूत रगड़ते और दूसरे हाथ से निपल्स को सहलाते राज बोला, "जब वो पीछे वाला लड़का पीछे से डॉली की गंद पे लंड रगड़ रहा था तो पहले लड़के ने उसकी सलवार के उप्पर से डॉली की चूत चड्डी के उपर से सहलाने लगा जैसे अब मे तेरी चूत सहला रहा हूँ. तू सोच शन्नो तेरी बेटी की क्या हालत हुई होगी इतनी छोटी उमर मे 2-2 लड़को से जिस्म मसलवाने मे . डॉली तो आँखे बंद करके ज़ोर्से सास ले रही थी बस और कुछ नही. अभी जैसे तूने तेरा जिस्म मेरे हाथ मे छोड़ दिया है बिल्कुल वैसी हालत डॉली की थी. पहले ही वो कमसिन अन्चुदि लड़की और उसपे उन लड़को का उसके साथ यह खेलना, सोच क्या हुआ होगा उसकी चूत मे शन्नो? " एक पराए मर्द से अपना जिस्म मसलवाते, उसकी गंदी बाते सुनके शन्नो बड़ी मस्ती से अपनी बेटी की स्टोरी सुन रही थी. शन्नो राज का लंड अपनी गांद पे रगड़ने से तड़पने लगती है. वैसे भी नाइटी इतनी पतली थी उसे ऐसा लगता है जैसे राज उसका लंड उसकी नंगी चूतेर पे मसल रहा है. जैसे- जैसे राज शन्नो की चूत और मम्मे मस्ती से मसल्ते रहता है तो शन्नो को और भी बैचैनि होती है और वो आखे बंद करके मोन करते मज़ा लेने लगती है. राज की उंगली शन्नो की चूत के रास से गीली होती है जिसे वो एक बार शन्नो को देखके चाट लेता है. फिर 2 उंगलियो से उसकी चूत को मसल्ते राज शन्नो को तड़पाने के लिए बोलता है, "शन्नो तेरा पति लेट आनेवाला है ना? नही तो तू फोन करके उसे कुछ काम बोल दे जिससे वो लेट हो जायऔर तुझे डॉली की पूरी कहानी बता सकु. और कोई तो नही आनेवाला ना अभी डॉली के सिवाइ? नही तो कोई मर्द तुझे इस नाइटी मे देखेगा तो वोई करेगा जो मे कर रहा हूँ, है ना? भले टाइम लगेगा लेकिन तुझे समझ आएगा कि तेरी बेटी के जिस्म से कैसे खेल रहे थे वो लड़के. " अब राज नाइटी पीछे से उपर करके पैंटी के उप्पर से शन्नो की गांद पे लंड रगड़ते आगे से पैंटी मे हाथ डालके शन्नो की नंगी चूत को उंगली करते हुए कहता है, "साली शन्नो तू भी तेरी बेटी जैसी गर्म माल है. देख कैसे बेटी की बात सुनते तू खुद तेरा जिस्म मसलवा के मज़े ले रही है. बहनचोड़ एकदम रांड़ है तू डॉली जैसी. बड़ी गर्म छीनाल माल हो तुम मा बेटी. " राज की इस बात से शन्नो समझती है कि राज ने डॉली को खूब मसला. उसकी बेटी कमसिन थी और यह सब उसके लिए नया था तो वो भी मज़ा लेती रही होगी. राज ने उन मा बेटी को रंडी, छीनाल कहा लेकिन यह जानने और सुनने के बाद भी शन्नो को खराब नही लगा. आज तो बस अपनी इस गर्म चूत को राज से चुद्वाने की पड़ी थी. अपनी नंगी गीली चूत मे राज की उंगली पाके शन्नो और मस्त होती है. शन्नो बड़ी बैचेन है और चाहती है कि किसी तरह से राज जल्दी चुदाई करे उसकी. पर राज भी औरत जात की नस-नस से वाकिफ़ है. वो जान बूझके शन्नो को तडपा रहा था. अपनी गांद राज पे लंड पे दबाते शन्नो बोली, "नही राज तुम इतमीनान से पूरी बात बताओ. आज मेरा पति तो बहुत लेट आनेवाला है. तुम उसकी बात जाने दो, डॉली की बात करो. शन्नो की गर्म गीली चूत मे उंगली करके राज समझता है कि यह औरत गर्म रांड़ है, यह तो अपनी बेटी और खुद को रंडी सुनके भी कुछ नही बोली. राज अब शन्नो की पैंटी पीछे से नीचे करके नंगी गांद पे लंड रगड़ते कहता है, "अच्छा है ना लेट आएगा तेरा पति? नही तो कहानी अधूरी होती. शन्नो अगर उन लड़को का बस चलता तो तेरी बेटी को लेट्रीन मे ले जाके चोद डालते, पर मेने उनकी बात सुनी और दोनो मदेर्चोदो को झापड़ मार कर भगाया और तेरी बेटी को मेरे साथ बैठाने की कोई जगह नही थी इसलिए लेट्रीन मे बैठा कर रातभर उसे अच्छे से मेरी गोदी मे सुलाया. " राज की टाय्लेट मे बैठने की बात सुनके शन्नो समझी कि इस हरामी ने ज़रूर डॉली को गर्म करके चुदाई करी है. जब ऐसे मर्द ने मेरी जैसी चुदि औरत को बातो से गरम कर दिया तो मेरी बच्ची अभी कितनी गर्म हुई होगी. अभी-अभी जवानी चढ़ रही है उसपे और सामने यह खिलाड़ी. तभी तो कल ट्रेन से आने के बाद डॉली अच्छे से चल भी नही पा रही थी, और मुझसे बोली कि पैर मे मोच आई है. अफ मेरी बेटी ने अपनी कोरी जवानी लूटा दी. इस राज के मोटे लंड ने तो उसकी चूत फाड़ डाली होगी. मेरी बच्ची का क्या हाल किया होगा. शन्नो इधर अपनी बेटी के हाल के बारे मे सोच रही थी लेकिन यहाँ राज के हाथो से अपना जिस्म मसलवा रही थी. वैसे अब उसे कोई फरक नही पड़ने वाला था कि राज ने डॉली को चोदा है क्योंकि अब उसे अपनी चूत की पड़ी थी. राज का एक हाथ अपनी मम्मो पे दबाते वो बोली, "अच्छा क्या तुमने उनको भगा दिया राज, तुमने सच मे बहुत अच्छा काम किया है. " शन्नो के निपल को हल्के से खिचते उनको मसल्ते राज बोला, "आरे भगाता नही तो क्या उन लड़को को तेरी बेटी चोदने देता? बहनचोड़ लड़के सालो के लंड मे ताक़त भी है क्या कि तेरी कमसिन लड़की को चोदे? बेचारी को गर्म करके 8-10 धक्को मे पानी निकालके चले जाते. उससे तेरी बेटी चुद्ति तो ज़रूर लेकिन पहली चुदाई का मज़ा कहाँ मिलता उसे. मदरचोड़ फिर मिले वो लड़के तो उनकी ही गंद मारूँगा. शन्नो तेरी बेटी की इज़्ज़त बचाना मेरा फ़र्ज़ था नही तो तुझसे मिल नही पाता और तेरे जिस्म से खेलते यह सब किसको बताता? वैसे शन्नो तेरी बेटी का जिस्म भी मस्त टाइट है. तेरा भी जिस्म, यह कसी-कसी गांद(लंड रगड़ता है गांद पे)मस्त कड़क मम्मे (निपल्स से खेलता है)और यह गीली गरम चूत(उंगली से चोद्ता है) एकदम तेरे बेटी जैसी है. तू इतनी बड़ी है पर जिस्म एक 16 साल की लड़की जैसा है तेरा. " शन्नो को पूरा यकीन हुआ कि राज ने ज़रूर डॉली को चोदा है और यह सब कहानी झूठी है. अब उस बात से कोई फरक नही पड़नेवाला था लेकिन फिर भी शन्नो बात बढ़ाते बोली, "ऊऊऊऊओ तो क्या तुमने मेरी बच्ची का बदन पूरा फील किया है राज? तुमने उसके साथ कुछ किया तो नही ना? देखो अभी वो बहुत छोटी है, जिस्म अभी भरके उभर रहा है, कुछ किया होगा तो बहुत बुरी बात है. " शन्नो की नाइटी के नीचे से उसकी पैंटी खिचके घुटनो तक लाते राज बेशर्मी से बोला है, "आरे भीड़ थी तो हाथ यहाँ वहाँ लगता है ना? तब उसका जिस्म फील हुआ अपने आप. रात भर गोदी मे थी तो गांद फील हुई उसकी. ठंड थी इसलिए जाकड़ लिया इसलिए मम्मे सहलाने को मिले. बाकी तेरी बेटी को जान बूझके टच नही किया मेने शन्नो. " यह मर्द एकदम हरामी था यह शन्नो को यकीन हुआ. उसे अपनी ही बेटी के जिस्म को मसल्ने की कहानी बता के गर्म किया और वो भी उसकी बातो मे आके चुदवाने को तय्यार हुई. जब राज ने शन्नो की पैंटी घुटनो तक खीची तो वो ज़रा नाटक करते बोली, "ऊऊओह यह क्या कर रहे हो राज? नहियीईईई प्लीज़ मेरे कपड़े मत उतारो ना. "

rajaarkey
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Re: माँ बेहाल बेटी छिनाल

Unread post by rajaarkey » 15 Dec 2014 04:56

शन्नो जैसी औरतो को राज खूब अच्छे से जानता था. शन्नो की बात पे ध्यान दिए बिना राज उसकी नाइटी कमर तक उठाके उसकी नंगी गंद और चूत को रगड़ते बोला, "आरे मेरी शन्नो जान, मे तुझे दिखा रहा हू कि अगर मे नही होता तो वो लड़के तेरी बेटी के साथ क्या करते इसलिए तेरी चड्डी उतार रहा हूँ. तुझे पता नही कि तू उसे ब्रा नही पहनाती तो उसका हम मर्दो पे क्या आसार होता है और डॉली को क्या सहना पड़ता है? " राज की इस बेशर्मी का शन्नो कोई जवाब नही देती क्योकि वो भी अब यही चाहती है कि राज जी भरके उसकी चूत और गांद को रगडे और बाद मे चोदे. राज के मूह से शन्नो जान सुनके वो खुश होती है. उसे कोई परवाह नही थी कि राज उसकी बेटी की बात करके उसके जिस्म को नंगा करके मसल रहा है. शन्नो के चुप रहने पे राज ज़रा ज़ोर्से उसकी चूत को दो उंगलियो से चोद्ते, मम्मे भी ज़ोर्से मसल्ते बोलता है, "आरे बोल ना खुद महसूस नही करना कि मे नही होता तो आगे क्या होता तेरी बेटी के जिस्म के साथ मेरी गर्म चूत, शन्नो? " ज़ोर्से चूत और मम्मो से खेलने से शन्नो को दर्द होता है और वो ज़रा चिल्लाति है. बहुत दिनो बाद एक मर्द उसके साथ बेरहमी से पेश आ रहा था यह बात उसको तो अच्छी लग रही थी लेकिन दर्द बहुत हुआ उसे. चूत पे राज का हाथ दबाते वो बोली, "हां राज मेरे बदन के साथ वोई करके तुम दिखाओ कि डॉली के साथ क्या हुआ था पर ज़रा आराम से बताओ ना. बहुत दर्द हो रहा है जब तुम ज़ोर्से करते हो तब. " राज शन्नो की नाइटी और उप्पर लाके, शन्नो के मम्मे भी नंगी करता है. पैंटी शन्नो के घुटनो मे है और नाइटी उसके आर्म्पाइट्स के नीचे. शन्नो के गंद पे लंड रगड़ते राज बोला, "अच्छा दर्द होता है? तेरी बेटी को तो दर्द नही हुआ? तुझे कैसे दर्द होता है शन्नो? और क्या देखना चाहती हो मुझसे यह भी बता जल्दी. " शन्नो भी अब पूरी तरह बेशरम होके बोलती है, "राज राजा, क्या तुमने डॉली की चूत मे भी ऐसे उंगली डाली थी? और मुझे तुम बताओ कि वो लड़के मेरी डॉली के साथ और क्या-क्या कर रहे थे? " इस बात पे राज ने शन्नो के जिस्म से अपने हाथ हटाए और उसकी चड्डी उप्पर खिचते नाइटी नीचे लाके सोफे पे जाके बैठते बोला, "आरे शन्नो जान, डॉली को पिशाब लगी और पिशाब करते मुझे बोली कि लड़को से मसल्ने से चूत मे दर्द होता है तो मेने तेरी बेटी की नंगी चूत मसल्ते और उंगली अंदर डालके उसे ज़रा आराम दिया, जैसे अब तुझे दे रहा हूँ. वो लड़के और बहुत कुछ करना चाहते थे वो बताने के लिए तुझे नंगी होना पड़ेगा शन्नो. तू नंगी हो फिर मे तेरे जिस्म के साथ वो सब करके तुझे बताता हूँ. " राज के दूर जाने से शन्नो पहले तो कुछ समझी नही. वो अब बहुत गर्म और चुदासी हो गयी पर फिर भी सब कपड़े उतारते शर्मा रही थी. उसकी चूत मे बड़ी खुजली हो रही थी. अब वो बिना लंड के नही रह सकती थी. वो खुद राज के पास जाके बेशरम होके पॅंट के उप्पर से राज का लंड धीरे से पकड़के रब करते वो बोलती है, "राज अब जब तूने मेरी बेटी का पूरा जिस्म मसला तो यह बता कि क्या तूने मेरी बेटी की चुदाई की उस रात ट्रेन के टाय्लेट मे? " शन्नो के उस आक्षन और सवाल से राज चमकता है. वो समझता है कि शन्नो को पूरी बात मालूम गई है लेकिन फिर भी वो राज का लंड मसल रही है. उसे यकीन होता है कि यह औरत बहुत चुदासी है और वो इस बात का पूरा फ़ायदा उठाने का फ़ैसला करता है. इस लिए राज अब ज़रा सख़्त होते नाइटी के उप्पर से शन्नो के मम्मे ज़रा ज़्यादा बेरहमी से मसल्ते बोलता है, "मदरचोड़ तू तेरी इतनी कमसिन माल बेटी के बारे मे ऐसा कैसे सोच सकती है? कोई रांड़ भी ऐसा नही सोचती होगी बेटी के बारे मे. एक तो उसको उन मवालीयो से बचाया और तू ऐसा कहती है? " जिस हाथ से शन्नो ने राज का लंड पकड़ा होताहै उसपे राज एक फाटका मारता है पेर उसके बाद भी शन्नो राज का मोटा लंड नही छोड़ती, बल्कि लंड को ज़ोर-ज़ोर्से उपेर नीचे करते राज पे झुकके अपनी मम्मे राज के सीने पे रगड़ने लगती है.

क्रमशः..................


rajaarkey
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Re: माँ बेहाल बेटी छिनाल

Unread post by rajaarkey » 15 Dec 2014 04:57

माँ बेहाल बेटी छिनाल --2

Gataank se aage……………………….

Yeh sab sochne ke baad bhi wo Raj ko zara bhi nahi rok rahi thi. Shanno ki kamar me haath dalke uski gaand apnee lund pe dabate Raj bola, "Aare tumko bata raha hoon ki Dolly ko kaise masal rahe the wo ladke. Aisa kuch time Dolly ke kamsin mamme masalne ke baad Dolly ki mamme masalne wala ladka piche aaya aur Dolly ko piche se pakadke khudka lund Dolly ki gaand pe masalne laga aise jaise abhi me mera lund teri is mast gol tight gaand pe masal raha hoon. Aise hi khub masal rahe the teri beti ko wo maderchod lund. Teri sexy beti bechari un janwaro ke bich ghabrake khadi thi. Mene usko bachaya nahi to teri beti ko chod dalte wo ladke. " Yeh kehte Raj apna khada garam lund Shanno ki gaand pe ragadte uske mamme masalne laga. Raj ke ab direct action se Shanno khush hoti hai. Apni gaand pe Raj ka mota lund jaise hi use feel hota hai wo bekarar ho jati hu chudai ke liye. Raj ke lund ka size use apnee pati ke lund se bada feel hota hai. Raj ke muh se nikal rahi gandi galliya aur uski beti ke bare me ki gaye baate use zara bhi kharab nahi lag rahi thi. uske liye Dolly ab uski beti nahi balki koi anjaan ladki thi jiski kahani Raj action ke saath use bata raha tha. Aahe bharte wo bhi Raj se apna jism masalke le rahi thi. Phir Shanno ne socha ki agar wo Raj ko tadpayegi to wo aur zorse use masalke chodega. Apnee mammo pe gHama rahe Raj ke haath khud apnee mammo pe zorse dabate Shanno ab Raj se boli, "Ahhhh, to aise hua yeh sab? Itna masla unhone meri beti ko? Tabhi to wo mujhe kuch nahi bataye. Ab wo bechari kaise batati ki ladko ne train me uska nanga jism masala? Raj ab tum pori baat jaldi bataao nahi to Dolly ke papa aayange. Teri kahani sunke mujhe kapde bhi pehnne do. Dolly ke daddy aadhe ghante me aanewale hai. Ab jaldi bataao sab baat. " Pati ke aane ki baat sunke Raj zara chamakta hai. Dolly ne to bataya tha ki uska baap 4 din ke baad aanewala hai. Kya Dolly galat bol rahi thi ya Shanno jhoot bol rahi thi. Sachchai janne ke liye Raj ne apna badan Shanno se alag karte kaha, "Oh achcha tera pati aanewala hai? Phir to mujhe jana hi chahaye, chal me chalta hu Shanno, Dolly se phir kabhi milunga. " Itna kehte Raj bedroom se nikalne jane lagta hai. Raj ki baat sunke Shanno ki chut me aur bhi kulbuli suru hoti hai. Wo to Raj ko tadpane chali thi lekin yahan to Raj ne hi baazi palat di uspe. Shanno to ab kisi bhi haal me Raj se chudne ka maan banaye thi. Asal me uska dil karta tha ki Raj use jaldi se nangi karke khub tadpake chode. uske jane lagne se Shanno ko lagta hai jaise usne apnee pati ke aane ka jhoot bolke galti ki. Kahi Raj sach me chala gaya to uski garm chut ka kya hoga yeh sochke Shanno jhatse waise hi daud ke Raj ke samne aake use rukate bolti hai, "Aare tum to naraz ho gaye. Me to mazak kar rahi thi. Waise bhi Dolly ke papa raat ko 10 se pehle nahi aate. Wo Dolly aa sakti hai aur mujhe is halat me dekh kar kya sochegi is daar se mene tumse jhoot bola Raj. Pleej bataao aage kya hua? " Apni chal kamiyab hote dekh Raj Shanno ko ghum kar phir apna lund uski gaand pe ragadte aage se nighty uthake Shanno ki chut chaddi ke uppar se sehlane lagta hai. Ungli se Shanno ki chut ragadte Raj bola, "Shanno me janta tha ki tu jhut bol rahi thi mujhe tadpane lekin me wo mard nahi jo aurat ke samne jhuku yeh yaad rakh. Waise Dolly ki puri story action ke saath batane time lagega. Tu Dolly ke aane ki chinta choor aur uske saath kya hua aur kya ho sakta tha yeh sun. " Shanno khush hoti hai ki Raj ne use phir baho me liya. Wo haath uthake piche Raj ki gardan me dalte aur apna sina aage nikalte boli, "Raj tum mujhe Dolly ki puri baat bataao chahe kitna bhi time lage. Mujhe sunna aur mehsus karna hai ki meri beti ke saath kya hua tha. " Is baat se Shanno ne Raj ko bataya ki wo ab use rokne wali nahi thi. Shanno yeh jaan gaye ki jitni time Raj kahani sunane lagayega utni time Raj Shanno ke us tadapte jism ko masalte rahega jisse jab Raj use chodane lega tab wo aur masti se chudwake le sakti hai. Shanno ki chut ragate aur dusre haath se nipples ko sehlate Raj bola, "Jab wo piche wala ladka piche se Dolly ki gand pe lund ragad raha tha to pehle ladke ne uski salwar ke uppar se Dolly ki chut chaddi ke upar se sehlane laga jaise ab me teri chut sehla raha hoon. Tu sooch Shanno teri beti ki kya halat hui hogi itni choti umar me 2-2 ladko se jism masalke lane. Dolly to aankhe band karke zorse saas le rahi thi bus aur kuch nahi. Abhi jaise tune tera jism mare haath me choor diya hai bilkul waisi halat Dolly ki thi. Pehle hi wo kamsin unchudi ladki aur uspe un ladko ka uske saath yeh khelna, soch kya hua hoga uski chut me Shanno? " Ek padaye mard se apna jism masalte, uski gandi baate sunke Shanno badi masti se apnee beti ki story sun rahi thi. Shanno Raj ka lund apni gaand pe ragadne se tadapnee lagti hai. Waise bhi nighty itni patli thi use aisa lagta hai jaise Raj uska lund uski nangi chooter pe masal raha hai. Jaise- jaise Raj Shanno ki chut aur mamme masti se masalte rehta hai to Shanno ko aur bhi baichaini hoti hai aur wo aakhe band karke moan karte maza lene lagti hai. Raj ki ungli Shanno ki chut ke raas se gilli hoti hai jise wo ek baar Shanno ko dekhake chat leta hai. Phir 2 ungliyo se uski chut ko masalte Raj Shanno ko tadpane ke liye bolta hai, "Shanno tera pati late aanewala hai na? Nahi to tu phone karke use kuch kaam bol de jise wo late ho aur tujhe Dolly ki poori kahani bata saku. Aur koi to nahi aanewala na abhi Dolly ke sewai? Nahi to koi mard tujhe is nighty me dekhega to woi karega jo me kar raha hoon, hai na? Bhale time lagega lekin tujhe samjhega ki teri beti ke jism se kaise khel rahe the wo ladke. " Ab Raj nighty piche se upar karke panty ke uppar se Shanno ki gaand pe lund ragadte aage se panty me haath dalke Shanno ki nangi chut ko ungli karte kehta hai, "Saali Shanno tu bhi teri beti jaise garm maal hai. Dekh kaise beti ki baat sunte tu khud tera jism masalke le rahi hai. Behanchod ekdam raand hai tu Dolly jaisi. Badi garm chinal maal ho tum maa beti. " Raj ki is baat se Shanno samajhti hai ki Raj ne Dolly ko khub masla. uski beti kamsin thi aur yeh sab uske liye naya tha to wo bhi maja leti rahi hogi. Raj ne un maa beti ko randi, chinal kaha lekin yeh jaane aur sunne ke baad bhi Shanno ko kharab nahi laga. Aaj to bus apni is garm chut ko Raj se chudwa ke lane ki padi thi. Apni nangi gili chut me Raj ki ungli pake Shanno aur mast hoti hai. Shanno badi baichin hai aur chahati hai ki kisi tarah se Raj jaldi chudai kare uski. Par Raj bhi aurat jaat ki nas-nas se wakib hai. Wone jaan bujhke Shanno ko tadpa raha tha. Apna gaand Raj pe lund pe dabate Shanno boli, "Nahi Raj tum itminaan se poori baat bataao. Aaj mera pati to bahut late aanewala hai. Tum uski baat jane do, Dolly ki baat karo. Shanno ki garm gili nahi chut me ungli karke Raj samajhta hai ki yeh aurat garm rand hai, yeh to apni beti aur khud ko randi sunke bhi kuch nahi boli. Raj ab Shanno ki panty piche se niche karke nangi gaand pe lund ragadte kehta hai, "Achcha hai na late aayega tera pati? Nahi to kahani adhuri hoti. Shanno agar un ladko ka bus chalta to teri beti ko latrine me le jake chod dalte, par mene unki baat suni aur dono maderchodo ko jhapad marke bhagaya aur teri beti ko mare saath lake koi jagah nahi thi isliye latrine me baitke raatbhar use ache se meri godi me sulaya. " Raj ki toilet me baithne ki baat sunke Shanno samjhi hai ki is harami ne zarur Dolly ko garm karke chudai kar hai. Jab is mard meri jaise chudi aurat ko baato se garam kar diya to meri bacchi abhi kitni garm hui hogi. Abhi-abhi jawani chad rahi hai uspe aur samne yeh khiladi. Tabhi to kal train se aane ke baad Dolly ache se chal bhi nahi pa rahi thi, aur mujhse boli ki pair me moch aaye. Uff meri beti ne aapni kori jawani luta di. Is Raj ke mote lund ne to uski chut phad dali hogi. Meri bacchi ka kya haal kiya hoga. Shanno idhar apnee beti ke haal ke baare me soch rahi thi lekin yahan Raj ki haatho se apna jism masalte le rahi thi. Waise ab use koi farak nahi padne wala tha ki Raj ne Dolly ko choda hai kyonki ab use apni chut ki padi thi. Raj ka ek haath apnee mammo pe dabate wo boli, "Achcha kiya tumne unko bhaga diya Raj, tumne sach me bahut achcha kaam kiya hai. " Shanno ke nipple ko halke se khichte unko masalte Raj bola, "Aare bhagata nahi to kya un ladko ko teri beti chodane deta? Behanchod ladke saalo ke lund me taqat to bhi hai kya ki teri kamsin ladki ko chode? Bechari ko garm karke 8-10 dhakko me pani nikalke chale jate. usase teri beti chudti to zaroor lekin pehle chudai ka maja kahan milta use. Maderchod phir mile wo ladke to unki hi gand marunga. Shanno teri beti ki izzat bachana mera farz tha nahi to tujhse mil nahi pata aur tare jism se khelte yeh sab kisko batata? Waise Shanno teri beti ka jism bhi mast tight hai. Tera bhi jism, yeh kasi-kasi gaand(lund ragadta hai gaand pe)mast kadak mamme (nipples se khelta hai)aur yeh gilli garam chut(ungli se chodta hai) ekdam teri beti jaise hai. Tu itni badi hai par jism ek 16 saali ki ladki jaisa hai tera. " Shanno ko poora yakin hua ki Raj ne zaroor Dolly ko choda hai aur yeh sab kahani jhooti hai. Ab us baat se koi farak nahi padnewala tha lekin phir bhi Shanno baat badhate boli, "Oooooooooh to kya tumne meri bacchi ka badan pura feel kiya hai Raj? Tumne uske saath kuch kiya to nahi na? Dekho abhi wo bahut choti hai, jism abhi bharke ubhar raha hai, kuch kiya hoga to bahut buri baat hai. " Shanno ki nighty ke niche se uski panty khichke ghutno tak late Raj besharmi se bola hai, "Aare bhid thi to haath yaha waha lagta hai na? Tab uska jism feel hua apnee aap. Raat bhar godi me thi to gaand feel hui uski. Thand thi isliye jakhad ke liye isliye mamme sehlane mile. Baki teri beti ko jaan bujhke touch nahi kiya mene Shanno. " Yeh mard ekdam harami tha yeh Shanno ko yakin hua. use apni hi beti ke jism ko masalne ki kahani bata ke garm kiya aur wo bhi uski baato me aake chudawaane tayyar hui. Jab Raj ne Shanno ki panty ghuto tak khichi to wo zara natak karte boli, "Ooooohhhhhhh yeh kya kar rahe ho Raj? Nahiiiiiii pleejee mere kapde maat utaro na. " Shanno jaise aurato ko Raj khub acche se jaanta tha. Shanno ki baat pe dhyan diye bina Raj uski nighty kamar tak uthake uski nangi gand aur chut ko ragadte bola, "Aare meri Shanno jaan, me tujhe dikha raha hoou ki agar me nahi hota to wo ladke teri beti ke saath kya karte isliye teri chaddi utar raha hoon. Tujhe jaana nahi ki tu use bra nahi pehnati to uska Ham mardo pe kya aasar hota hai aur Dolly ko kya sehna padta hai? " Raj ki is besharmi ka Shanno koi jawab nahi deti kyoki wo bhi ab yahi chahati hai ki Raj jee bharke uski chut aur gaand ko ragde aur baad me chode. Raj ke muh se Shanno jaan sunke wo khush hoti hai. use koi parwah nahi thi ki Raj uski beti ki baat karke uske jism ko nanga karke masal raha hai. Shanno ke chup rehne pe Raj zara zorse uski chut ko do ungliyo se chodte, mamme bhi zorse masalte bolta hai, "Aare bol na khud mehsus nahi karna ki me nahi hota to aage kya hota teri beti ke jism ke saath meri garm chut, Shanno? " Zorse chut aur mammo se khelne se Shanno ko dard hota hai aur wo zara chillati hai. Bahut dino baad ek mard uske saath berahmi se pesh aa raha tha yeh baat usko to acchi lag rahi thi lekin dard bahut hua use. Chut pe Raj ka haath dabate wo boli, "Haan Raj mare badan ke saath woi karke tum dikho ki Dolly ke saath kya hua tha par jara aaram se bataao na. Bahut dard ho raha hai jab tum zorse karte ho tab. " Raj Shanno ki nighty aur uppar lake, Shanno ke mamme bhi nangi karta hai. Panty Shanno ke ghutno me hai aur nighty uske armpits ke niche. Shanno ke gand pe lund ragadte Raj bola, "Achcha dard hota hai? Teri beti ko to dard nahi hua? Tujhe kaise dard hota hai Shanno? Aur kya dekhna chahati ho mujhse yeh bhi bata jaldi. " Shanno bhi ab pori tarah besharam hoke bolti hai, "Raj raja, kya tumne Dolly ki chut me bhi aise ungli dali thi? Aur mujhe tum bataao ki wo ladke meri Dolly ke saath aur kya-kya kar rahe the? " Is baat pe Raj ne Shanno ke jism se apnee haath hataye aur uski chaddi uppar khichte nighty niche lake sofe pe jake baithte bola, "Aare Shanno jaan, Dolly ko pishab lagi aur pishab karte mujhe boli ki ladko se masalne se chut me dard hota hai to mene teri beti ki nangi chut masalte aur ungli andar dalke use zara aram diya, jaise ab tujhe de raha hun. Wo ladke aur bahut kuch karna chahate the wo batane ke liye tujhe nangi hona padega Shanno. Tu nangi ho phir me tare jism ke saath wo sab karke tujhe batata hoon. " Raj ke door jane se Shanno pehle to kuch samajhi nahi. Wo ab bahut garm aur chudasi ho gaye par phir bhi sab kapde utarne sharma rahi thi. uski chut me badi khujali ho rahi thi. Ab wo bina lund ke nahi raha sakti thi. Wo khud Raj ke pass jake besharam hoke pant ke uppar se Raj ka lund dhire se pakadke rub karte wo bolti hai, "Raj ab jab tune meri beti ka poora jism masla to yeh bata ki kya tune meri beti ki chudai ki us raat train ke toilet me? " Shanno ke us action aur se sawal se Raj chamakta hai. Wo samajhta hai ki Shanno ko poori baat malum hui hai lekin phir bhi wo Raj ka lund masal rahi hai. use yakin hota hai ki yeh aurat bahut chudasi hai aur wo is baat ka pura fayada uthane ka faisla karta hai. Is liye Raj ab zara sakth hote nighty ke uppar se Shanno ke mamme zara jyada berahmi se masalte bolta hai, "Maderchod tu teri itni kamsin maal beti ke bare me aisa kaisa soch sakti hai? Koi rand bhi aisa nahi sochti hogi beti ke bare me. Ek to usko un mawaliyo se bachaya aur tu aisa kehti hai? " Jo haath se Shanno ne Raj ka lund pakda hota uspe Raj ek phatka marta hai per uske baad bhi Shanno Raj ka mota lund nahi chodti, balki lund ko zor-zorse uper niche karte Raj pe jhukke apnee mamme Raj ke sine pe ragadne lagti hai.